ब्रेन हेमरेज एक गंभीर मेडिकल स्थिति है, जिसमें दिमाग की किसी नस के फटने से खून बहने लगता है। इसे मेडिकल भाषा में इंट्रासेरेब्रल हेमरेज कहा जाता है। यह स्ट्रोक का ही एक प्रकार है और समय पर इलाज न मिले तो जानलेवा साबित हो सकता है।
अक्सर लोग इसे अचानक होने वाली घटना मानते हैं, लेकिन इसके पीछे कई कारण होते हैं, जो धीरे-धीरे दिमाग की नसों को कमजोर बना देते हैं।
आइए जानते हैं ब्रेन हेमरेज होने के मुख्य कारण।
1. हाई ब्लड प्रेशर (हाइपरटेंशन)
ब्रेन हेमरेज का सबसे बड़ा कारण हाई बीपी माना जाता है। लगातार हाई ब्लड प्रेशर रहने से दिमाग की नसों पर दबाव बढ़ता है और वे कमजोर होकर फट सकती हैं।
खतरा बढ़ता है जब:
- बीपी लंबे समय तक कंट्रोल में न रहे
- नमक ज्यादा खाया जाए
- तनाव और नींद की कमी हो
2. दिमाग में चोट लगना
सड़क दुर्घटना, गिरना या सिर पर जोरदार चोट लगने से भी ब्रेन हेमरेज हो सकता है। इसे ट्रॉमैटिक ब्रेन हेमरेज कहा जाता है।
खासकर खतरे में होते हैं:
- बुजुर्ग
- बाइक चलाने वाले बिना हेलमेट
- खेल के दौरान सिर पर चोट खाने वाले लोग
3. नसों की कमजोरी या एनीयूरिज्म
कुछ लोगों की दिमाग की नसें जन्म से ही कमजोर होती हैं। इन्हें एनीयूरिज्म कहा जाता है। समय के साथ ये नसें फूल जाती हैं और कभी भी फट सकती हैं, जिससे अचानक ब्रेन हेमरेज हो सकता है।
4. खून को पतला करने वाली दवाएं
ब्लड थिनर दवाएं (जैसे वारफेरिन, एस्पिरिन आदि) ज्यादा मात्रा में लेने या बिना डॉक्टर की सलाह के लेने से दिमाग में ब्लीडिंग का खतरा बढ़ जाता है।
5. शराब और धूम्रपान
ज्यादा शराब पीना और स्मोकिंग करने से नसें कमजोर होती हैं और ब्लड प्रेशर भी बढ़ता है। ये दोनों आदतें ब्रेन हेमरेज के खतरे को कई गुना बढ़ा देती हैं।
6. ब्रेन ट्यूमर या इंफेक्शन
कुछ मामलों में ब्रेन ट्यूमर या दिमाग के संक्रमण (इंसेफेलाइटिस, मेनिन्जाइटिस) की वजह से भी नसें फट सकती हैं और खून बहने लगता है।
7. खून से जुड़ी बीमारियां
अगर किसी व्यक्ति को खून जमने से जुड़ी बीमारी (ब्लीडिंग डिसऑर्डर) है, तो ब्रेन हेमरेज का खतरा ज्यादा रहता है।
ब्रेन हेमरेज के शुरुआती लक्षण
- अचानक तेज सिरदर्द
- उल्टी या मतली
- हाथ-पैर में कमजोरी या सुन्नपन
- बोलने में दिक्कत
- आंखों से धुंधला दिखना
- बेहोशी या चक्कर
इन लक्षणों को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है।
ब्रेन हेमरेज से बचने के उपाय
- ब्लड प्रेशर को कंट्रोल में रखें
- धूम्रपान और शराब से दूरी बनाएं
- हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल करें
- बिना डॉक्टर की सलाह के ब्लड थिनर दवा न लें
- नियमित हेल्थ चेकअप कराएं
- तनाव कम करें और पूरी नींद लें
कब डॉक्टर को दिखाएं?
अगर किसी व्यक्ति को अचानक तेज सिरदर्द, बोलने में दिक्कत, शरीर के एक हिस्से में कमजोरी या बेहोशी हो, तो तुरंत अस्पताल ले जाएं। देरी जानलेवा हो सकती है।
ब्रेन हेमरेज अचानक होने वाली बीमारी जरूर है, लेकिन इसके पीछे हाई बीपी, नसों की कमजोरी, चोट, गलत दवाएं और गलत जीवनशैली जैसे कारण होते हैं। समय रहते लक्षण पहचानकर इलाज कराया जाए तो जान बचाई जा सकती है। इसलिए अपने ब्लड प्रेशर को कंट्रोल में रखें और स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं।
Business Sandesh Indian Newspaper | Articles | Opinion Pieces | Research Studies | Findings & News | Sandesh News