केन्द्रीय नागर विमान मंत्री ज्योतिदारित्य सिंधिया ने आज राज्यसभा में कहा कि मोदी सरकार की उड़ान योजना के तहत 76 ऐसे हवाई अड्डा विमानन नक्शे पर आये हैं जिनका कोई अस्तित्व ही नहीं था और इस योजना के तहत 78 रूट पर तीन वर्ष बाद भी उड़ानें जारी है।
श्री सिंधिया ने शीतकालीन सत्र के पहले दिन सदन में प्रश्नकाल के दौरान एक पूरक प्रश्न के उत्तर के कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आम आदमी को भी हवाई जहाज से उड़ने के सपने को साकार करने की परिकल्पना के तहत शुरू की गयी इस योजना से प्रति दिन 1.03 लाख लोग उड़ान भर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत विमानन कंपनियों को तीन वर्षाें तक वीजीएफ के तहत मदद दी जा रही है। इस योजना के तहत 78 रूटों पर तीन वर्ष के बाद भी विमान परिचालन जारी है। पूर्वाेत्तर में कुल नौ हवाई अड्डा परिचालन में है जिसमें से छह उड़ान योजना के तहत संचालित हो रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2030 तक देश में हवाई यात्रियों की संख्या प्रति वर्ष 43 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है और उसी को ध्यान में रखकर सभी योजनाएं बनायी जा रही है।
– एजेंसी
Business Sandesh Indian Newspaper | Articles | Opinion Pieces | Research Studies | Findings & News | Sandesh News