कांग्रेस ने प्रति व्यक्ति आय के मामले में तेलंगाना सरकार के मंत्री के.टी. रमा राव (केटीआर) के दावे को खारिज करते हुए सोमवार को आरोप लगाया कि भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की सरकार में प्रदेश के गठन के उस उद्देश्य के साथ विश्वासघात किया गया है कि तेलंगाना का संतुलित विकास होगा।
पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह दावा भी किया कि स्थिर मूल्य के आधार पर तेलंगाना प्रति व्यक्ति आय के मामले में तमिलनाडु और हरियाणा से पीछे है। बीआरएस के नेता केटीआर ने कई मौकों पर कहा है कि उनकी पार्टी की सरकार में तेलंगाना प्रति व्यक्ति आय के मामले में देश के प्रमुख राज्यों में शीर्ष पर पहुंच गया है।
रमेश ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘केटीआर कहते रहे हैं कि तेलंगाना की प्रति व्यक्ति आय देश में सबसे अधिक है। तथ्य क्या हैं? आरबीआई के अनुसार, स्थिर मूल्य पर कर्नाटक और हरियाणा में प्रति व्यक्ति आय तेलंगाना की तुलना में अधिक है।’ उन्होंने कहा, ‘तेलंगाना में उच्च प्रति व्यक्ति आय केवल तीन जिलों हैदराबाद, रंगारेड्डी और संगारेड्डी के कारण है। तेलंगाना की 75 प्रतिशत से अधिक आबादी अन्य 30 जिलों में रहती है, जहां प्रति व्यक्ति आय राज्य के औसत से कम है।’
रमेश ने कहा कि तेलंगाना के गठन के मुख्य कारणों में से एक राज्य का संतुलित विकास था। उन्होंने आरोप लगाया कि इस उद्देश्य के साथ विश्वासघात किया गया है। तेलंगाना में सभी 119 विधानसभा सीटों के लिए 30 नवंबर को मतदान होगा। मतगणना तीन दिसंबर को होगी।
– एजेंसी
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