शेयर बाजार में आज यानी शुक्रवार को भारी गिरावट देखने को मिली। इस दौरान ऑटो सेक्टर की दिग्गज कंपनी टाटा मोटर्स के शेयरों में लगातार 9वें दिन गिरावट दर्ज की गई, जिससे इसने 52 सप्ताह का न्यूनतम स्तर छू लिया।
लगातार 9वें दिन गिरावट, बना 52-वीक लो
टाटा मोटर्स के शेयर बीएसई पर 4.29% की गिरावट के साथ 620.70 रुपये पर बंद हुए, जबकि इसने 618.45 रुपये का नया 52-वीक लो छू लिया। यह स्टॉक अपने ऑलटाइम हाई 1,179 रुपये से 46% तक गिर चुका है, जिससे इसका मार्केट कैप 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक घट चुका है।
शेयरों में गिरावट क्यों?
टाटा मोटर्स के शेयरों में गिरावट की मुख्य वजहें:
✅ JLR की कमजोर डिमांड – चीन और यूके जैसे ग्लोबल मार्केट में जगुआर लैंड रोवर (JLR) की डिमांड कमजोर हो रही है।
✅ भारत में पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट की सुस्ती – भारतीय बाजार में पैसेंजर व्हीकल की मांग में भी गिरावट देखी जा रही है।
✅ अमेरिका का इंपोर्ट टैरिफ – यूरोप में बने वाहनों पर यूएस का भारी इंपोर्ट टैक्स लगने से JLR की बिक्री प्रभावित हो रही है।
6 महीने में 42% तक टूटा टाटा मोटर्स का शेयर
➡ 1 महीने में 11% की गिरावट
➡ 6 महीने में 42% का नुकसान
➡ 1 साल में 34% की गिरावट
➡ हालांकि, 5 साल में 390% का मल्टीबैगर रिटर्न
क्या करें निवेशक?
🔹 लंबी अवधि के निवेशकों के लिए टाटा मोटर्स अब भी एक मजबूत कंपनी मानी जाती है।
🔹 गिरावट को खरीदारी के मौके के रूप में देखा जा सकता है, लेकिन शॉर्ट टर्म में इसमें उतार-चढ़ाव बना रहेगा।
🔹 निवेश करने से पहले मार्केट की स्थिति और ग्लोबल फैक्टर्स को समझें।
निष्कर्ष:
JLR की कमजोर डिमांड, यूएस इंपोर्ट टैरिफ और भारतीय ऑटो सेक्टर की सुस्ती टाटा मोटर्स के शेयरों को लगातार प्रभावित कर रही है। निवेशकों को सावधानी से निर्णय लेना चाहिए, क्योंकि कमजोरी के बावजूद यह लॉन्ग टर्म में फायदेमंद साबित हो सकता है।
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