उच्चतम न्यायालय ने धनशोधन मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के नेता सत्येंद्र जैन की अंतरिम जमानत की अवधि शुक्रवार को चार दिसंबर तक बढ़ा दी।
न्यायमूर्ति बेला एम त्रिवेदी की पीठ ने मामले की सुनवाई के लिए चार दिसंबर की तारीख निर्धारित की क्योंकि सुनवाई में शामिल रहे न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना आज मौजूद नहीं थे।
पीठ ने कहा,‘‘ इस बीच पूर्व में दी गई अंतरिम जमानत, सुनवाई की अगली तारीख तक बढ़ाई जाती है।’’
इससे पहले शीर्ष अदालत ने जैन की अंतरिम जमानत की अवधि नौ अक्टूबर तक बढ़ाई थी और कहा था शीर्ष अदालत के समक्ष लंबित कार्यवाही को मामले की सुनवाई में देरी करने का बहाना न बनाएं।
दरअसल, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दावा किया था कि आप नेता निचली अदालत में इस आधार पर बार-बार स्थगन की मांग कर रहे हैं कि उनकी जमानत याचिका शीर्ष अदालत में लंबित है। जांच एजेंसी ने आरोप लगाया है कि जैन ने निचली अदालत से करीब 16 बार तारीख ली हैं।
उच्चतम न्यायालय ने 26 मई को जैन को रीढ़ की हड्डी की सर्जरी के लिए छह सप्ताह की अंतरिम जमानत देते हुए कहा था कि किसी नागरिक को अपने खर्च पर निजी अस्पताल में अपनी पसंद का इलाज कराने का अधिकार है।
अदालत ने 12 सितंबर को इस मामले में जैन की अंतरिम जमानत 25 सितंबर तक बढ़ा दी थी।
ईडी ने धनशोधन के आरोप में आप नेता को पिछले साल 30 मई को गिरफ्तार किया था। जैन पर आरोप है कि उन्होंने उन चार कंपनियों के जरिये धनशोधन किया जो कथित तौर पर उनसे जुड़ी थीं।
ईडी ने 2017 में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत जैन के खिलाफ दर्ज केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की प्राथमिकी के आधार पर उन्हें गिरफ्तार किया था। सीबीआई के मामले में जैन को निचली अदालत ने छह सितंबर 2019 को नियमित जमानत दी थी।
– एजेंसी
Business Sandesh Indian Newspaper | Articles | Opinion Pieces | Research Studies | Findings & News | Sandesh News