गले में बार-बार चुभन और जलन? हो सकता है एसिडिटी से जुड़ा संकेत

गले में बार-बार चुभन, जलन या खुरदुरेपन की शिकायत को अक्सर लोग बदलते मौसम, खांसी, वायरल इंफेक्शन या ठंडे खाने का असर मानते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह समस्या आपके पेट की बीमारी, खासकर एसिड रिफ्लक्स या गैस्ट्रोइसोफेगियल रिफ्लक्स डिजीज (GERD) से भी जुड़ी हो सकती है?

विशेषज्ञों की मानें तो पेट से गले तक चढ़ने वाला एसिड कई बार गले में जलन, खांसी, खराश और सूजन जैसी परेशानियों का कारण बनता है। यह स्थिति सामान्य लग सकती है लेकिन लापरवाही बरतने पर यह बड़ी समस्या बन सकती है।

गले में जलन और चुभन – क्या है वजह?

गले में होने वाली जलन या चुभन का संबंध केवल गले की सतही परत से नहीं होता, बल्कि यह अंदरूनी अंगों की प्रतिक्रिया भी हो सकती है। विशेष रूप से जब पेट में बनने वाला अम्ल (एसिड) जरूरत से ज्यादा बनने लगता है और भोजननली (Esophagus) में वापस आने लगता है, तो यह गले तक पहुंचकर जलन पैदा करता है। यह स्थिति Acid Reflux कहलाती है।

जब यह समस्या बार-बार हो, तो उसे GERD (गैस्ट्रोइसोफेगियल रिफ्लक्स डिजीज) कहा जाता है।

क्या कहते हैं विशेषज्ञ?

डॉ. के अनुसार, “कई बार मरीज बार-बार गले की जलन या खराश की शिकायत लेकर आते हैं, जबकि समस्या का मूल कारण पेट होता है। पेट में बनने वाला अम्ल जब ऊपर की ओर आता है, तो यह गले की परत को प्रभावित करता है। लंबे समय तक यह समस्या बनी रही, तो वोकल कॉर्ड (स्वरयंत्र) भी प्रभावित हो सकते हैं।”

GERD या एसिड रिफ्लक्स के लक्षण जो गले को करते हैं प्रभावित:

गले में लगातार खराश या खुरदुरापन

निगलने में तकलीफ या दर्द

गले में जलन और चुभन का एहसास

सूखी खांसी, विशेषकर रात में

मुंह का स्वाद खराब होना या खट्टापन

बार-बार गले को खंखारने की जरूरत

कैसे होती है जांच?

अगर गले की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और दवाओं से भी राहत नहीं मिल रही, तो डॉक्टर निम्न जांच कराने की सलाह दे सकते हैं:

एंडोस्कोपी: भोजननली और पेट के ऊपरी हिस्से की जांच के लिए

pH मॉनिटरिंग: यह जांच करती है कि एसिड कितना ऊपर आ रहा है

लैरिंगोस्कोपी: गले और वोकल कॉर्ड की जांच के लिए

क्या करें – बचाव और उपचार के उपाय:

भारी, तला-भुना और मसालेदार भोजन से बचें

खाना खाने के तुरंत बाद लेटना न करें

रात का भोजन सोने से कम से कम 2 घंटे पहले लें

ओवरइटिंग या बार-बार खाना खाने की आदत पर नियंत्रण रखें

धूम्रपान और शराब से बचें – ये एसिड रिफ्लक्स को बढ़ाते हैं

डॉक्टर के परामर्श से एंटासिड या PPI दवाएं लें

गंभीर स्थिति में क्या हो सकता है?

अगर एसिड रिफ्लक्स की समस्या को नजरअंदाज किया जाए, तो यह इसोफेगाइटिस (भोजननली में सूजन), वोकल कॉर्ड डैमेज, यहां तक कि बैरिट्स इसोफेगस या एसोफैगियल कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का रूप ले सकती है। इसलिए यह जरूरी है कि समय पर सही जांच और इलाज कराया जाए।

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