“डॉक्टर”‚ कोच पर लेटे हुए राहुल ने कहा ‚”आपको मेरी मदद करनी होगी। रोज रात को मैं एक भयानक सपना देखता हूं। मैं बिस्तर पर लेटा हुआ हूं कि अचानक पांच औरतें आती हैं और मेरे कपड़े फाड़ना शुरू कर देती हैं।”
मनोचिकित्सक ने सर हिलाया ‚”तो तुम क्या करते हो?”
“मैं उन्हें दूर धकेलता हूं।”
“समझा। तुम मुझसे क्या चाहते हो?”
रोगी ने विनती की ‚”मेरे हाथ तोड़ दीजिए।”😜😂😂😂😛🤣
******************************************************************
राहुल अपनी मुर्गियों के लिए एक अच्छा मुर्गा चाहता था। इसलिए तलाश मे वो बाज़ार पहुंचा। उसे उम्मीद थी कि उसे एक खास मुर्गा मिल जाएगा‚ ऐसा जो अकेला ही सभी मुर्गियों के लिए काफी हो और जब उसने दुकानदार को यह बताया तो उसने जवाब दिया : “मेरे पास आपके लिए एक ऐसा ही मुर्गा है ‚ रैण्डी ‚ जो कि उन सभी मुर्गों से‚ जो कि आपने देखे होंगे सबसे अधिक उतेजक और पुष्ट है।”
राहुलउसे ले कर वापस अपने फार्म पर आया। कुक्कुट घर में खुला छोड़ने से पहले उसने रैण्डी से कहा‚ ” रैण्डी मुझे भरोसा है कि तुम अपना काम अच्छी तरह करोगे।” और उसने उसे मुर्गियों के दड़बे में छोड़ दिया।
रैण्डी जैसा लगता था वैसा ही तेजी के साथ हर मुर्गी पर चढकर बिजली की तरह अपना काम किया। जब उसने हर मुर्गी के साथ अपना काम खत्म कर लिया तब वहाँ बहुत शोर था और ढेर सारे पंख उड़ रहे थे। पर रैण्डी यहीं नहीं रूका। वह अस्तबल में घुस गया और हर घोड़े के ऊपर चढ़ा एक के बाद एक और उसी तूफानी रफ्तार से। फिर उसने सुअर के दड़बे में घुस कर भी वही किया। किसान ‚ जो अविश्वास से यह सब देख रहा था चिल्लाया‚ ” रूको रैण्डी। तुम खुद को मार डालोगे”। मगर रैण्डी नहीं रूका और वो अपना काम करता रहा फार्म के हर जानवर के साथ।
अगली सुबह किसान ने पाया कि रैण्डी जमीन पर पड़ा हुआ है। उसकी टांगे हवा में थीं‚ आंखें उल्टी हों गयीं थीं‚ और जीभ बहर निकली हुई थी। एक चील उसके पास मंडरा रही थी
राहुल रैण्डी के पास पहुंचा और बोला‚ “बेचारा.! देखो तुमने क्या किया। तुमने अपने आप को मार डाला। मैने तुम्हे पहले ही चेताया था”।
“श्श्श्श्श्श”‚ रैण्डी फुसफुसाया : वो चील पास आ रही है।”😜😂😂😂😛🤣
Business Sandesh Indian Newspaper | Articles | Opinion Pieces | Research Studies | Findings & News | Sandesh News